Sunday 4th of October 2026

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: प्रवासी पक्षियों को लेकर वन विभाग सुस्त, 300 से अधिक पक्षियों ने तोड़ा दम।

Vivek Sahu

Fri, Sep 13, 2024
कोरबा (न्यूज उड़ान) वन विभाग का कारनामा किसी से छुपा नहीं है, वन विभाग पशु पक्षियों को लेकर जरा भी ध्यान नही दे रहा है जिससे प्रवासी पक्षियों के जीवन पर संकट पैदा हो गया है प्रवासी पक्षियों को लेकर वन विभाग द्वारा पूर्व से भी कोई तैयारी नही की गई थी पेड़ो में जाली लगाना सांपो और रेंगने वाले जंतुओं से पक्षियों को बचाने पेड़ के तानों में भी किसी प्रकार का कांटा तार का उपयोग नही किया गया था।   जिससे जंगली जानवर पेड़ो में चढ़ कर प्रवासी पक्षियों और उनके बच्चो को मार कर गिरा रहा है खबर प्रकाशन के बाद वन विभाग के द्वारा निरीक्षण किया गया लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नही की गई जिससे आज भी प्रवासी पक्षियों की मौत का सिलसिला बदस्तूर जारी है, वन विभाग की कुंभकर्णीय नींद कब खुलेगी इस बात का इंतजार कनकी ग्राम के ग्राम वासी कर रहे है।   https://youtu.be/9AErQVqr-J4?si=pHOXMsZuUR-jZbJO   पक्षियों के लगातार होते मौत से गांव में तरह तरह की बाते देखने को मिल रही है लोग दबी जबान वन विभाग पर कार्य नही कर पैसे गबन करने की बात कह रहे है।   कौन है प्रवासी पक्षी कहा से आते है। कनकी में पक्षियों का प्रजनन काल जून-जुलाई से लेकर सितंबर और नवंबर तक माना जाता है, वहीं श्रीलंका और दक्षिण भारत में नवंबर से मार्च तक है। कनकी में अपने प्रवास के दौरान यह इमली, बरगद और पीपल के जिस पेड़ पर घोंसला बनाते है, अगले साल भी वह उसी पेड़ पर आकर फिर से घोंसला बनाते हैं और प्रजनन करते है।   प्रवासी पक्षियों को एशियन बिल स्टार्क कहते है।

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